राज्यसभा में अमित शाह का हमला: ऑपरेशन सिंदूर ने आतंक के अड्डों पर किया पहला वार, विपक्ष को बताया आतंक पोषक

राज्यसभा में 30 जुलाई कोॉ केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने आतंकवाद के विरुद्ध भारत की अब तक की सबसे निर्णायक कार्रवाई ‘ऑपरेशन सिंदूर’ और ‘ऑपरेशन महादेव’ पर सदन को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की राजनीतिक इच्छाशक्ति और सुरक्षा बलों के पराक्रम ने भारत को आतंकवाद पर जवाब देने की नई ताकत दी है।


"पहलगाम हमला कांग्रेस सरकार में होता तो पाकिस्तान को क्लीनचिट मिल जाती"

श्री शाह ने कहा कि 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले के तुरंत बाद मोदी सरकार ने जवाबी कार्रवाई की योजना बनानी शुरू की। उन्होंने विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि "अगर ये हमला विपक्ष के समय हुआ होता, तो पाकिस्तान को कब की क्लीनचिट मिल चुकी होती।" उन्होंने आगे कहा कि मोदी सरकार ने 28 जुलाई को ‘ऑपरेशन महादेव’ के तहत तीन आतंकियों—सुलेमान, अफगान और जिब्रान—को मार गिराया और पाकिस्तान स्थित आतंकी ठिकानों को निशाना बनाते हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को अंजाम दिया।

"ऑपरेशन सिंदूर भारत का पहला आतंकवाद के दिल पर किया गया प्रहार है"
गृहमंत्री ने बताया कि 7 मई की रात 1:04 बजे पाकिस्तान में स्थित 9 आतंकी अड्डों को तबाह कर दिया गया, जिसमें 100 से अधिक आतंकवादी मारे गए। उन्होंने कहा कि "यह पहली बार है जब भारत ने आतंकवादियों के आकाओं को निशाना बनाया।"

"सीसीएस की बैठक में कड़े निर्णय: सिंधु जल संधि पर रोक, वीज़ा रद्द"
उन्होंने खुलासा किया कि 23 अप्रैल को CCS (कैबिनेट कमिटी ऑन सिक्योरिटी) की बैठक में कई ऐतिहासिक निर्णय लिए गए। इनमें शामिल थे:
-सिंधु जल संधि को रोकना
-अटारी ICP को बंद करना
-सार्क वीज़ा रद्द करना
-पाकिस्तानी राजनयिकों की संख्या 55 से घटाकर 30 करना
-सेना को पूर्ण ऑपरेशनल स्वतंत्रता देना

"धार्मिक प्रतीक नहीं, संप्रभुता की रक्षा का युद्धघोष है 'महादेव'"
अमित शाह ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि ‘ऑपरेशन महादेव’ का नाम धर्म आधारित नहीं, बल्कि शिवाजी महाराज के युद्धघोष 'हर हर महादेव' से प्रेरित है। उन्होंने कहा कि “ये केवल एक धार्मिक नारा नहीं, बल्कि हमारी संप्रभुता पर हमले के विरुद्ध जवाबी कार्रवाई का प्रतीक है।”

"कश्मीर में आतंकवाद 70% घटा, कोई कश्मीरी आतंकी नहीं"
उन्होंने कहा कि धारा 370 हटने के बाद कश्मीर में अलगाववाद और आतंकवाद पर भारी अंकुश लगा है। आज की स्थिति में:
-कश्मीरी युवा आतंकी संगठनों से दूर
-पत्थरबाजी और बंद की घटनाएँ शून्य
-98.03% मतदान के साथ पंचायत चुनाव

"विपक्ष ने तुष्टिकरण के नाम पर आतंकवाद को पाला"
गृह मंत्री ने सीधे-सीधे कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों पर पाकिस्तान और आतंकी संगठनों को बचाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने हुर्रियत और जमात-ए-इस्लामी जैसे संगठनों को बढ़ावा दिया, जिससे कश्मीर आतंकवाद की चपेट में आया।

"सर्जिकल स्ट्राइक से एयरस्ट्राइक और अब 'घर में घुसकर मारना'"
अमित शाह ने कहा कि मोदी सरकार की आतंकवाद नीति तीन चरणों में बदली है:
-उरी के बाद सर्जिकल स्ट्राइक
-पुलवामा के बाद एयरस्ट्राइक
-पहलगाम के बाद ऑपरेशन सिंदूर – सीधे पाकिस्तान में घुसकर हमला

"आतंक के इकोसिस्टम पर भी चोट"
उन्होंने बताया कि अब तक:
-347 आतंकियों की संपत्ति ज़ब्त
-UAPA में संशोधन कर 57 को आतंकवादी घोषित किया गया
-NIA को देश के बाहर भी कार्रवाई की अनुमति
-जमात-ए-इस्लामी पर बैन
-PFI पर प्रतिबंध
-MAC, NATGRID और NAFIS जैसी आधुनिक निगरानी प्रणालियों की स्थापना

"मोदी युग स्वर्णाक्षरों में लिखा जाएगा"
गृह मंत्री ने कहा कि आज भारत:
-दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था (GDP $4.19 ट्रिलियन)
-डिजिटल इकोनॉमी $1 ट्रिलियन
-रेल, सड़कों, हवाईअड्डों का तेजी से विस्तार
-118 यूनिकॉर्न
-रक्षा उत्पादन ₹1.27 लाख करोड़ और निर्यात ₹21 हज़ार करोड़
उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की सबसे बड़ी सफलता 60 करोड़ लोगों को मूलभूत सुविधाएं देना है।

राज्यसभा में अमित शाह का संबोधन केवल ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की जानकारी नहीं था, बल्कि यह भारत की आतंकवाद नीति, राष्ट्रीय सुरक्षा और वैश्विक रणनीति का बयान भी था। उन्होंने मोदी सरकार की निर्णायक नीतियों को विपक्ष की तुष्टिकरण राजनीति से अलग खड़ा किया और यह भी स्पष्ट किया कि भारत अब डोज़ियर नहीं, मिसाइल भेजता है।


Comments

Popular posts from this blog

बजट सत्र से पहले प्रधानमंत्री मोदी का संदेश: समाधान की दिशा में आगे बढ़ता भारत

रायपुर साहित्य उत्सव 2026: व्यवस्थाओं को लेकर हुई अहम बैठक

भारत को AI की ग्लोबल ताकत बनाने की तैयारी

केरल में परिवर्तन का शंखनाद: पीएम मोदी ने कहा- तिरुवनंतपुरम ने रखी भाजपा सरकार की नींव

भारत का ऊर्जा क्षेत्र: वैश्विक साझेदारी और निवेश के नए अवसर

Global Economic Growth: IMF Report में भारत ने अमेरिका को पछाड़ा

भारत का वैश्विक डंका: अब 'ताकत' नहीं 'जिम्मेदारी' में भी दुनिया ने माना लोहा, RNI रैंकिंग में 16वें स्थान पर